चैंबर प्रतिनिधियों ने अतिक्रमण हटाने के बाद रोजगार की चिंता को लेकर DC को सौंपा ज्ञापन, वैकल्पिक फूड स्ट्रीट विकसित करने पर जोर
बोकारो | 12 सितंबर 2026
सिटी सेंटर की कार्रवाई के बाद चैंबर ने उठाया रोजगार का मुद्दा
बोकारो के सेक्टर-4 सिटी सेंटर में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बाद स्ट्रीट फूड और छोटे दुकानदारों के रोजगार का मुद्दा सामने आया है। शनिवार को बोकारो चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के प्रतिनिधियों ने उपायुक्त अजय नाथ झा से मुलाकात कर स्थिति से अवगत कराया और ज्ञापन सौंपा।
चैंबर प्रतिनिधियों ने बताया कि बीएसएल प्रबंधन की अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बाद स्ट्रीट फूड कारोबार से जुड़े छोटे दुकानदारों और व्यापारी संघ के सामने रोजगार एवं व्यवसाय को लेकर चिंता उत्पन्न हुई है।

DC ने BSL को लिखा पत्र
मामले को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त अजय नाथ झा ने बोकारो स्टील प्लांट के निदेशक प्रभारी को पत्र लिखकर सकारात्मक और दीर्घकालिक पहल करने का आग्रह किया है।
डीसी ने कहा कि अतिक्रमण की नियमित निगरानी और समय पर कार्रवाई नहीं होने से समस्या धीरे-धीरे गंभीर हो जाती है। लंबे समय बाद अतिक्रमण हटाने पर रोजगार, व्यवसाय और विधि-व्यवस्था से जुड़ी परेशानियां भी सामने आ सकती हैं।
उन्होंने बीएसएल क्षेत्र को अलग-अलग जोन में बांटकर नियमित निगरानी की व्यवस्था करने तथा शुरुआती स्तर पर ही अतिक्रमण रोकने का सुझाव दिया।

वैकल्पिक जगह पर फूड स्ट्रीट का प्रस्ताव
उपायुक्त ने कहा कि सेक्टर-4 सिटी सेंटर में बड़ी संख्या में छोटे दुकानदार स्ट्रीट फूड का कारोबार करते थे। उनके रोजगार को ध्यान में रखते हुए बीएसएल क्षेत्र में उपयुक्त और कम यातायात वाले स्थानों को चिन्हित कर वैकल्पिक फूड स्ट्रीट विकसित करने पर विचार किया जा सकता है।
डीसी ने कहा कि बीएसएल की ओर से समय-समय पर स्ट्रीट फूड से जुड़े आयोजन भी किए जाते रहे हैं, जिन्हें शहरवासियों का अच्छा प्रतिसाद मिलता है। देश के कई शहरों में सफल फूड स्ट्रीट की अवधारणा को देखते हुए बोकारो में भी ऐसी पहल की जा सकती है।
बाजार भी व्यवस्थित होगा, रोजगार भी बचेगा
डीसी के अनुसार निर्धारित स्थान पर फूड स्ट्रीट विकसित होने से मुख्य बाजार को अतिक्रमण मुक्त और व्यवस्थित रखने में मदद मिलेगी। साथ ही छोटे दुकानदारों को एक तय स्थान पर सम्मानजनक तरीके से व्यवसाय करने का अवसर मिल सकेगा।
इससे भविष्य में अतिक्रमण से जुड़े विवाद और विधि-व्यवस्था की समस्याओं को कम करने में भी मदद मिल सकती है। उपायुक्त ने बीएसएल प्रबंधन से उपयुक्त स्थलों को चिन्हित कर इस दिशा में सकारात्मक और ठोस पहल करने को कहा है।






