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झारखंडबोकारो

डीपीएस बोकारो में संविधान दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया

डीपीएस बोकारो में संविधान दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया

बोकारो। भारतीय संविधान अंगीकार किए जाने के 76 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में बुधवार को दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस) बोकारो में संविधान दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस मौके पर छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और सभी कर्मियों ने संविधान के मुख्य शिल्पकार बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर को नमन करते हुए संवैधानिक आदर्शों की रक्षा का संकल्प लिया।

विद्यालय की प्राइमरी और सीनियर दोनों इकाइयों में छात्रों ने शिक्षकों के साथ मिलकर संविधान के प्रावधानों, नियमों के अनुपालन और मूल्यों को जीवन में अपनाने की शपथ ली।

विशेष सभा और प्रस्तावना का सामूहिक पाठ

प्राथमिक कक्षाओं के लिए आयोजित विशेष सभा की शुरुआत भारत के संविधान की प्रस्तावना (उद्देशिका) के सामूहिक पाठ के साथ हुई। न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व जैसे मूल्यों पर आधारित इस पाठ ने सभा का माहौल देशभक्ति से भर दिया।

सभा में विद्यार्थियों को संविधान के महत्व, संविधान सभा की प्रक्रिया और संवैधानिक मूल्यों को समझाने के लिए कई गतिविधियाँ आयोजित की गईं। इनमें प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता, कविता पाठ और भाषण शामिल थे। इसके बाद छात्रों ने सामूहिक रूप से शपथ ग्रहण किया।

रचनात्मक गतिविधियों में दिखा उत्साह

बच्चों ने संविधान की प्रस्तावना और मूल अधिकारों को रंग-बिरंगे अक्षरों में लिखकर आकर्षक कलाकृतियाँ बनाईं। उन्होंने डॉ. भीमराव अंबेडकर के चित्र भी बनाए और संविधान से जुड़े पोस्टर तैयार किए। सीनियर विंग के छात्रों ने भी प्रस्तावना का सामूहिक पाठ कर कार्यक्रम में सहभागिता निभाई।

प्राचार्य ने रेखांकित किया ऐतिहासिक महत्व

विद्यालय के प्राचार्य डॉ. ए. एस. गंगवार ने 26 नवंबर 1949 के ऐतिहासिक महत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि इसी दिन संविधान सभा ने भारतीय संविधान को औपचारिक रूप से अंगीकार किया था। उन्होंने कहा कि देश का संविधान हर नागरिक के लिए एक अनमोल विरासत है और विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र की नींव है।

उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्र की उन्नति, समृद्धि और शांति के लिए संविधान का सम्मान और पालन अनिवार्य है। “संविधान दिवस हमें यह याद दिलाता है कि हम एक ऐसे लोकतांत्रिक देश में रहते हैं, जहां सभी नागरिकों को समानाधिकार और स्वतंत्रता प्राप्त है,” उन्होंने कहा।

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